कुम्हारी (दुर्ग)। दुर्ग जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने के उद्देश्य से दुर्ग पुलिस व प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। लगातार आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहने और प्रतिबंधात्मक कार्रवाई के बाद भी सुधार न होने पर जिला दण्डाधिकारी, दुर्ग ने आदतन अपराधी भीम सोनकर के खिलाफ जिलाबदर का आदेश जारी किया है। छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम, 1990 की धारा 5(ख) के तहत पारित इस आदेश के अनुसार आरोपी को एक वर्ष की अवधि के लिए दुर्ग जिले की सीमाओं से बाहर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
थाना कुम्हारी क्षेत्र के गैंगखोली वार्ड क्रमांक 12 का निवासी 34 वर्षीय भीम सोनकर लंबे समय से इलाके में सक्रिय अपराधी रहा है। कुम्हारी थाने में उसके खिलाफ वर्ष 2016 से 2024 के बीच मारपीट, गाली-गलौज, जान से मारने की धमकी देने और उगाही करने से संबंधित कुल 05 संगीन आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस द्वारा समय-समय पर आरोपी की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी और प्रतिबंधात्मक कदम भी उठाए गए थे, लेकिन उसके आचरण में कोई बदलाव नहीं आया।
क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए कुम्हारी पुलिस ने आरोपी का विस्तृत आपराधिक रिकॉर्ड और अभिलेख संकलित कर जिलाबदर का प्रस्ताव जिला दण्डाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किया। मामले में उपलब्ध तथ्यों और साक्ष्यों की समीक्षा के बाद जिला दण्डाधिकारी ने कठोर रुख अपनाते हुए भीम सोनकर को न केवल दुर्ग जिले से, बल्कि इसके सीमावर्ती छह जिलों—रायपुर, बेमेतरा, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई, राजनांदगांव, बालोद एवं धमतरी की सीमाओं से भी एक वर्ष के लिए निष्कासित कर दिया है।
इस कार्रवाई के बाद दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे जिले में शांति व कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें। पुलिस का स्पष्ट कहना है कि यदि कोई भी व्यक्ति क्षेत्र की सुरक्षा को प्रभावित करेगा या आपराधिक गतिविधियों में लिप्त पाया जाएगा, तो उसके खिलाफ इसी तरह की सख्त वैधानिक कार्रवाई जारी रहेगी।
